Menu
होम हमारे बारे में श्री अरुण जेटली

श्री अरुण जेटली

श्री अरुण जेटली

श्री अरुण जेटली

वित्त मंत्री
शीर्षक विवरण
पार्टी भारतीए जनता पार्टी
पिता का नाम महाराज किशन जेटली
माता का नाम श्रीमती रतन प्रभा जेटली
जन्म तिथि 28 दिसम्बर, 1952
जन्म स्थान नई दिल्ली
वैवाहिक स्थिति विवाहित
विवाह की तारीख 24 मई 1982
पत्नी का नाम श्रीमती संगीता जेटली
बच्चे एक पुत्र और एक पुत्री
शैक्षणिक योग्यताएं बी.कॉम. (ऑनर्स), एल.एल.बी., श्रीराम कॉलेज ऑफ कॉमर्स, दिल्ली विश्वविद्यालय और विथि संकाय, दिल्ली विश्वविद्यालय से प्राप्त की।
व्यवसाय वरिष्ठ अधिवक्ता, भारत का उच्चतम न्यायालय
स्थायी पता 42/बी, बंसीधर सोसायटी, जवाहर नगर, वसना, पालडी,अहमदाबाद - 380007
वर्तमान पता ए -44, कैलाश कॉलोनी, नई दिल्ली। फोन - 29248212, 29244587, 29237483, फ़ैक्स - 29232358
(ii) 9,अशोका रोड, नई दिल्ली
धारित पद
1989-90 अपर महा-अधिवक्ता, भारत सरकार
1991 से सदस्य, राष्ट्रीय कार्यकारिणी, भारतीय जनता पार्टी
13 अक्टूबर 1999-30 सितम्बर 2000 सूचना और प्रसारण राज्य मंत्रालय (स्वतंत्र प्रभार)
10 दिसम्बर, 1999 से जुलाई, 2000 विनिवेश विभाग के राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) (अतिरिक्त प्रभार)
अप्रैल, 2000 राज्य सभा के लिए निर्वाचित
23 जुलाई, 2000 से 6 नवम्बर, 2000 विथि, न्याय और कंपनी कार्य राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार)
7 नवम्बर, 2000 से 1 जुलाई, 2002 विथि, न्याय और कंपनी कार्य मंत्री
20 मार्च, 2001 से 1 सितम्बर, 2001 पोत परिवाहन मंत्री (अतिरिक्त प्रभार)
1 जुलाई, 2002 से जनवरी, 2003 भारतीय जनता पाटी के महासचिव और प्रवक्ता
29 जुलाई, 2002 से 29 जनवरी, 2003 और मार्च, 2005 से मार्च, 2010
सदस्य, दिल्ली विश्वविद्यालय कोर्ट
1-29 जनवरी, 2003 सदस्य, गृह समिति; सदस्य, विदेश समिति
29 जनवरी, 2003 से 21 मई, 2004 कानून एवं न्याय मंत्री और वाणिज्य तथा उद्योग मंत्री
जुलाई 2004 से महासचिव, भारतीय जनता पार्टी.
अगस्त, 2004 से मई, 2009 सदस्य, विशेषाधिकार समिति
अगस्त, 2004 से मई, 2009 और अगस्त, 2009 से अप्रैल, 2012 सदस्य, वाणिज्य संबंधी समिति
अक्टूबर, 2004 से मई, 2009 सदस्य, गृह मत्रंलय की परामर्शदात्री समिति
जनवरी, 2006 से जुलाई, 2010 सदस्य, इंडियन काउंसिल ऑफ वर्ल्ड अफेयर्स
अप्रैल 2006 राज्य सभा के लिए पुननिर्वाचित (दूसरा कार्यकाल)
अगस्त, 2006 से दिसंबर, 2008 लाभ के पद के संबंध मे सांविधानिक और विधिक स्थिति की जांच करने संबंधी संयुक्त समिति के सदस्य
अगस्त, 2006 से दिसंबर, 2009 लाभ के पद संबंधी संयुक्त समिति के सदस्य
3 जून, 2009 से 2 अप्रैल, 2012 and 3 अप्रैल, 2012 से राज्य सभा में प्रतिपक्ष के नेता
अगस्त, 2009 से सदस्य,संसद भवन परिसर में राष्ट्रीय नेताओं और संसदविदों के चित्र/प्रतिमाएँ लगाने संबंधी संयुक्त संसदीये समिति
दिसंबर, 2009 से सदस्य, संसद भवन के पारंपरिक स्वरूप का अनुरक्षण और विकास संबंधी संयुक्त संसदीये समिति
अप्रैल, 2012 राज्य सभा के लिए पुननिर्वाचित (तीसरा कार्यकाल)
जून से नवंबर, 2012 सदस्य, लोकपाल और लोकायुक्त विधेयक, 2011 संबंधी राज्य सभा की प्रवर समिति
26 मई, 2014 से केंद्रीय कैबिनेट मंत्री, वित्त

सामाजिक और सांस्कृतिक कार्यकलाप, साहितीयिक, कलातमक और वैज्ञानिक उपलब्धियां तथा अन्य विशेष अभिरुचियाँ

कानूनी और सामयिक मामलों संबंधी अध्ययन और लेखन, शैक्षिक संस्थाओ से जुडाव; अध्यक्ष, कमला नेहरू कॉलेज, दिल्ली के शासी निकाय के अध्यक्ष, 1993-98 (i) श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स के शासी निकाय, और (ii) राष्ट्रीय विथि विश्वविद्यालय, दिल्ली की शासी परिषद के सदस्य

खेलकूद, क्लब, आमोद-प्रमोद और मनोरंजन

अध्यक्ष, दिल्ली जिला क्रिकेट संघ; उपाध्यक्ष, भारतीय किकेट कंट्रोल बोर्ड; सदस्य, शासी परिषद, इंडियन प्रिमियर लीग

विदेश यात्रायें

युवा मेल-मिलाप शिष्टमंडल के सदस्य के रूप में 1978 में यू.एस.एस.आर., अपर महाधिवक्ता के रूप में 1990 में; स्विटजरलैंड और स्वीडन संयुक्त राष्ट्र आम सभा में भारतीय शिष्टमंडल के सदस्य के रूप में,1998 में; यू.एस.ए., एक अंतरराष्ट्रीय संथि के संबंध में, 2000 में; सीररया, संयुक्त राज्य अमेरिका,पाकिस्तान, यूनाइटेड किंगडम, फ्रांस, डेनमार्क, संयुक्त अरब अमीरात, नीदरलैंडस, ब्राजील, मैक्सीको, मिस्र, चीन, थाईलैंड, जापान, दक्षिण कोरिया, म्यांमार, जर्मनी,दक्षिण अफ्रीका और हंगरी के दौरों में भी भारत का प्रतिनितिधित्व किया; कानकुन, मैक्सीको में 10 से 14 सितम्बर, 2003 को आयोजित डबल्यूटीओ सम्मेलन में भारतीय शिष्टमंडल का नेतृत्व किया; उत्तर अमेरिका, दक्षिण अमेरिका, यूरोप, अफ्रीका और एशिया के अनेक देशों का दौरा किया।

अन्य सूचना

विद्यार्थी जीवन के दौरान शैक्षिक और शिक्षणेतर कार्यकलापों में उत्कृष्ट कार्य-निष्पादन के लिए अनेक विशिष्ट योग्यताएं प्राप्त की। अध्यक्ष, दिल्ली विस्श्वद्यालय छात्र संघ, 1974; स्व. श्री जय प्रकाश नारायण द्वारा 1973 में भ्रष्टाचार के खिलाफ चलाए गए आंदोलन के एक प्रमुख नेता; सव. श्री जय प्रकाश नारायण ने छात्र और युवा संगठन की राष्ट्रीय समिति का संयोजक नियुक्त किया; आंतरिक आपत्काल (1975-77) के दौरान जब नागरिक अथिकारों को निलम्बित कर दिया गया था तब मीसा के तहत 19 माह के लिए जेल गए; 1977 से उच्चतम न्यायालय और देश के कई उच्च न्यायालयों में वकालत; 1989 में वरिष्ठ अधिवक्ता बने; जून, 1998 में संयुक्त राष्ट्र महासभा के अधिवेशन जहां नशीले पदार्थो तथा काले धन को वैध बनाने से संबंधित कानूनों के संबंध में घोषणा का अनुमोदन किया गया में भारतीय शिष्टमडंल के सदस्य थे; अनेक महत्वपूर्ण विषयों पर व्याख्यान दिए जिनमें सूचना प्रोद्योगिकी समाभिरूपता, भारत में प्रसारण संबंधी काननू , विनिवेश और भारतीय संविधान के कार्यकरण की समीक्षा; लंदन में "भारत क्यों महत्वपूर्ण है'', वायब्रेन्ट गुजरात, निवेशकों का विश्व सम्मेलन, 2003 कानकुन के बाद की कार्यसूची पर चिंतन के संबंध में फिक्की-अकंटाड संयुक्त संगोष्ठी में मुख्य संबोधन शामिल है; राज्यों को शक्तियों के हस्तांतरण के मामले पर जम्मू और कश्मीर सरकार के नामितों और अन्य समूहों के साथ चर्चा करने के लिए जुलाई, 2002 में केन्द्र सरकार के प्रतिनिधि भी नियुक्त किए गए; अलग-अलग हैसियत में भारतीय जनता पार्टी से जुडे रहे; जुलाई 2004 से जून, 2009 तक भारतीय जनता पार्टी के महासचिव।

Scroll To Top